मुंबई / पुणे, 29 जनवरी 2026:
विमान हादसे में उपमुख्यमंत्री अजित पवार के निधन के बाद महाराष्ट्र की राजनीति में फाइनेंस मंत्रालय (Finance Portfolio) को लेकर सियासी हलचल तेज हो गई है। सूत्रों के मुताबिक राष्ट्रीय कांग्रेस पार्टी (NCP) ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को एक पत्र भेजकर कहा है कि अजीत पवार के न होने के बावजूद उनके गुट को वित्त मंत्रालय की जिम्मेदारी दी जाए।
📩 NCP ने क्यों लिखा पत्र?
मुख्यमंत्री को भेजे पत्र में NCP ने अजीत पवार की पार्टी को वित्त और योजना मंत्रालय का अधिकार बनाए रखने का सुझाव दिया है। हालाँकि, अजित पवार के निधन के बाद राजनीतिक समीकरण बदल चुके हैं, लेकिन पार्टी अपनी मांग पर कायम है।
यह कदम राज्य में वित्तीय मामलों की दिशा और बजट नीतियों पर NCP की भागीदारी को जारी रखने की कोशिश के तौर पर देखा जा रहा है।
📊 फाइनेंस मंत्रालय की हक़ीक़त
पिछले साल के विभागों के आवंटन में भी अजीत पवार को वित्त, योजना और आबकारी विभाग जैसी शक्तिशाली जिम्मेदारियाँ दी गई थीं। इस मंत्रालय के अन्तर्गत बजट, राजस्व प्रबंधन और आर्थिक योजना जैसी केंद्रीय नीतियाँ आती थीं, जिनका प्रभाव राज्य के हर क्षेत्र पर पड़ता है।
फडणवीस सरकार के गठन के समय इन्हीं विभागों को पवार को सौंपा गया गया था, जिससे NCP की सत्ता में हिस्सेदारी मजबूत हुई थी।
🧠 राजनीतिक मायने
अब जब अजीत पवार अब इस दुनिया में नहीं हैं, तो वित्त मंत्रालय को लेकर सवाल उठ रहे हैं:
✔ क्या फडणवीस स्वयं वित्त मंत्रालय संभालेंगे?
✔ क्या इसे किसी अन्य NCP नेता को सौंपा जाएगा?
✔ बजट और आर्थिक योजना का अगला कदम कैसे तय होगा?
राज्य सरकार में वरिष्ठ मंत्रियों के बीच भी इस विषय पर चर्चा चल रही है, और राजनीतिक विश्लेषक इसे मस्थानी राजनीति का बड़ा मोड़ बता रहे हैं।
🧾 अगला क्या?
• 3 दिन के राज्य शोक के बाद
• जब सरकार पुनः सक्रिय होगी
• तब वित्त विभाग और बजट प्रबंधन को लेकर आधिकारिक घोषणा हो सकती है
हाल के बयान में एक मंत्री ने कहा है कि जैसे ही शोक समाप्त होगा, बजट कार्य शुरू होगा और वित्त प्रशासन के निर्णय लिए जाएंगे।
📌 निष्कर्ष
🔹 NCP ने मुख्यमंत्री को पत्र भेजा है कि वित्त मंत्रालय पर उनका दावा बरकरार रहे।
🔹 अजीत पवार के निधन से महाराष्ट्र के राजनीतिक और प्रशासनिक समीकरण बदल गए हैं।
🔹 वित्त मंत्रालय की अगली जिम्मेदारी किसके पास जाएगी — यह अब राज्य की राजनीति की महत्वपूर्ण दिशा बनेगी।
